उत्तर प्रदेशराज्य

रामघाट कार्यशाला में तराशे गए पत्थरों की सफाई का काम हुआ तेज: अयोध्या राम मंदिर

 अयोध्या 
रामजन्मभूमि की रामघाट स्थित कार्यशाला में मंदिर निर्माण के लिए तराशे गए पत्थरों की सफाई का कार्य तेज हो गया है। अब तक तीन कारीगरों के सहारे चल रहे कार्य के लिए दिल्ली से डेढ़ दर्जन अतिरिक्त कारीगर बुला लिए गए हैं। इन सभी कारीगरों के आ जाने पर ऊपर की सतह पर रखे गए पत्थरों को सावधानीपूर्वक क्रेन से उतार कर उनकी सफाई कराई जा रही है। इस सम्बन्ध में रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपय राय ने कहा कि कार्यशाला में स्थान का अभाव जरुर है लेकिन सफाई के बाद भी तराशे गए पत्थरों को वहीं सुरक्षित रखा जाएगा।

उन्होंने बताया कि सफाई के बाद मंदिर के एक-एक हिस्से के पत्थर को पालीथिन में लपेट कर रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि मंदिर निर्माण कार्य आरम्भ होने पर ही राम जन्मभूमि तक पत्थरों की ढुलाई कराई जाएगी। यह ढुलाई रात्रिकालीन बेला में ही की जाएगी जिससे कि दुर्घटना की आशंका पूरी तरह से समाप्त हो जाए। उन्होंने कहा कि अब तकनीक इतनी विकसित हो चुकी है कि पत्थरों की ढुलाई बिना किसी नुकसान के आसानी से हो सकती है। राय ने बताया कि तराशे गए पत्थरों को उनके निर्धारित क्रम में रखा गया है, इसलिए कार्यशाला में क्रमवार रखे गए पत्थरों के पूरे चट्टे को नहीं हटाया जाएगा बल्कि सामने से ही सफाई कराई जाएगी। पुन: जब उन्हें रामजन्मभूमि परिसर में ले जाने की बारी आएगी तभी अवशेष भाग को साफ करा दिया जाएगा।

उधर रामघाट कार्यशाला में पत्थरों की सफाई का कार्य कर रही केएलए कांस्ट्रक्शन प्रा. लि. के निदेशक संदीप गर्ग ने बताया कि हमारा काम धरोहरों का संरक्षण करना है, इसलिए यहां पत्थरों की बारीक नक्काशी को ध्यान में रखकर कार्य कराया जा रहा है। बताया गया कि अभी 15 कारीगरों की अतिरिक्त खेप बुलाई गयी है। डिमांड के अनुसार कारीगरों की संख्या बढ़ाई जाएगी। वहीं प्रोजेक्ट प्रभारी संजय जालिया ने बताया कि सभी कर्मचारी सीएनसी यानि क्लीन एण्ड क्योर से आए हैं। उन्होंने बताया कि सम्बन्धित कार्य के लिए 23 प्रकार के रसायन उपलब्ध हैं। उनका प्रयोग आवश्यकतानुसार किया जा रहा है।

सीबीआई कोर्ट में पेश हुए चंपत राय
रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय बीते 22 जून को ढांचा ध्वंस मामले में चल रहे मुकदमे के सिलसिले में अपने अधिवक्ताओं से भेंट करने दिल्ली प्रवास पर गए थे। वह गुरुवार को दिल्ली से लौटकर सीबीआई कोर्ट में पेश हुए जहां उन्हें अपना बयान दर्ज कराया जाना है। कोर्ट में अभियोजन पक्ष की प्रश्नोत्तरी का जवाब देने के बाद वह अयोध्या लौटेंगे। उन्हीं के साथ यूनाइटेड हिन्दू फ्रंट के अन्तरराष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष जयदयाल गोयल भी कोर्ट में बयान दर्ज कराने के बाद अयोध्या आएंगे और कारसेवकपुरम में प्रवास करेंगे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Close